सोमवार की दोपहर रायपुर की सड़क पर अजीब हालात देखने को मिले। अंबेडकर चौक के पास रायपुर की पुलिस कुछ लड़कों से धक्का-मुक्की करती दिखी। लड़कों के शरीर पर कपड़े नहीं थे वो नारेबाजी कर रहे थे। इन लड़कों के तन को स्कार्फ से ढंककर पुलिस इन्हें जबरन पेट्रोलिंग वाहन में बैठा रही थी। नग्न अवस्था में ये लड़के पुलिस की इस कार्रवाई का विरोध कर रहे थे।
पता चला कि ये लड़के अनुसूचित जाति समाज से ताल्लुक रखते हैं। ये युवक प्रदेश में अनुसूचित जाति वर्ग पर अत्याचार का दावा करते हुए इस विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए। युवकों ने कहा कि लगातार रायपुर, बिलासपुर समेत प्रदेश के कई इलाकों में कहीं अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों के साथ मारपीट हो रही है, कहीं हत्या तो कहीं उनकी जमीनों पर कब्जा किया जा रहा है। मगर जिम्मेदार इनकी नहीं सुन रहे, इन्हें न्याय नहीं मिल रहा, इसलिए ये विरोध प्रदर्शन किया गया। इधर, बिलासपुर से भी कुछ लोग यहां प्रदर्शन में शामिल होने आ रहे थे। मगर उन्हें पुलिस ने पहले ही रोक लिया। इसके खिलाफ युवकों ने जमकर नारेबाज भी की।
इस नग्न विरोध प्रदर्शन से जुड़े युवक महेंद्र सिंह खांडे ने बताया कि लगातार अनुसूचित जाति वर्ग अपनी शिकायतें पुलिस और जिला प्रशासन के अफसरों के पास लेकर पहुंचता है। मगर कोई कार्रवाई नहीं होती। इसी वजह से रायपुर के अंबेडकर चौक पर आकर युवकों ने ये प्रदर्शन किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए हमारे 12 साथियों को हिरासत में लिया है। सुबह से मुझे भी हिरासत में लिया गया था बाद में छोड़ा गया। सभी साथी बिलासपुर से रायपुर इस विरोध प्रदर्शन में शामिल होने पहुंचे थे
