महाराष्ट्र के अमरावती शहर में एक मेडिकल स्टोर मालिक की हत्या का मामला सामने आया है। बीती 21 जून की रात 10 से साढ़े दस बजे के बीच 54 वर्षीय उमेश कोल्हे की हमलावरों ने गला रेतकर हत्या कर दी थी। यह घटना तब हुई थी जब वो अपने बेटे और बहू के साथ अलग अलग बाइक पर घर जा रहे थे। हमलावरों ने कोल्हे की गर्दन पर वार किए थे। पुलिस ने इस मामले में अब तक कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया। इस घटना की जांच के लिए एनआईए की टीम भी अमरावती पहुंची है। मामले की कड़ी जांच के लिए बीजेपी राज्यसभा सांसद अनिल बोंडे ने अमरावती की सीपी आरती सिंह से भी मुलाकात की है।
उन्होंने कहा कि बीते कुछ दिनों से शहर में रहने वाले करीब 10 लोगों को अलग-अलग जगह और मोबाइल नंबरों से धमकी भरे फोन कॉल आए हैं। लोगों से बाकायदा लिखित तौर पर माफी मांगने को कहा जा रहा है। कई लोगों ने माफी भी मांगी है। उन्होंने कहा कि खुद को धमकी मिलने के बाद कई लोगों ने इस बात की शिकायत संबंधित पुलिस स्टेशन में की है
अनिल बोंडे ने कहा कि जिन लोगों ने धमकियां दी है। उनके बारे में अभी तक कोई जांच पड़ताल नहीं की गई है। साथ ही जिनको धमकियां मिली हैं। उनकी सुरक्षा को लेकर भी पुलिस ने कोई कोई पुख्ता इंतजाम किया गया है। जिसकी वजह से अमरावती शहर में आम लोगों के मन में भय का माहौल बना हुआ है।
नूपुर शर्मा के समर्थन में पोस्ट बनी हत्या की वजह !
सूत्रों के मुताबिक उमेश कोल्हे ने व्हाट्सएप पर नूपुर शर्मा के समर्थन में एक पोस्ट सोशल मीडिया पर शेयर किया था। जो गलती से एक मुस्लिम सदस्यों के ग्रुप में चला गया। जिनमें कुछ उनके ग्राहक भी थे। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में से एक ने पुलिस को बताया कि उनके मुताबिक यह पैगंबर का अपमान था। इसलिए उन्हें इसलिए उनकी हत्या की गई।
